आचार्य कन्फ़्यूशियस
सौगंध राम की खाते हैं हम धूनी यहीं रमाएंगे! Don't judge the weight of an iceberg from it's tip. अपनी sanity बनाए रखें BC, याने Before Christ वाली।
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मित्रों, @BBCArchives के सौजन्य से देखिए 1953 में ब्रिटेन के तीन टॉप पत्रकारों और संपादकों के साथ पंडित जवाहरलाल नेहरू का टीवी इंटरव्यू। अंग्रेजी सबटाइटल्स के साथ। यह उस दौर की...
ये मुल्क सौ साल से ज़्यादा अंग्रेज़ों का ग़ुलाम रहा। ग़ुलामी भी ऐसी-वैसी नहीं। अंग्रेज़ों ने मुल्क के संसाधन लूटे, संस्कृति का हरण किया, हमारी भाषाएं छीनीं। हमारी सभ्यता से जुड़ा ज...
नेतागण आम लोगों के मुकाबले लंबा जीवन जीते हैं क्योंकि उन्हें सभी प्रकार की उत्कृष्ट चिकित्सा सुविधाएं आसानी से उपलब्ध रहती हैं जो कि आमजन को कभी नहीं मिल पाती ! ...1/5 https://t.c...
भारत को आप राष्ट्र मानते हैं या देश? चड्डी गैंग के राष्ट्रवाद का रहस्य इसी भेद में छुपा है। राष्ट्र या Nation की परिभाषा है:- एक भाषा, एक कल्चर, एक जातीयता के लोगों का समूह। दे...
आखिर मोदी समर्थक उग्र हो कर भड़कते क्यों हैं?? 🙄🤔 एक अध्ययन में पाया गया है कि यदि आप किसी भी राजनेता की आलोचना करते हैं, तो ज्यादातर पार्टी के समर्थक उसको काफी सहज रूप में लेते...
अग्निपथ योजना आए दो दिन भी नहीं हुए और संशोधन आने शुरू हो गए। जीएसटी की तरह इसमें भी सैकड़ों बार बदलाव किया जाएगा। दरअसल अधकचरे दिमाग के लोग बिना सोचे विचारे इस किस्म की अधकचरी य...
भारतीय उपमहाद्वीप की संस्कृति में हाथ जोड़कर नमस्कार या वंदना करने की परंपरा लंबे समय से चली आई है। हाथ जोड़ते समय गर्व से सिर ऊंचा रखना, या थोड़ा सा सिर को झुकाना, या पूरी तरह कमर...
मित्रों, इस ट्वीट में अपने स्वयं के ही दल के प्रति व्यक्त भक्तों के विचारों को पढिए, और फिर 4 जून को पोस्ट की गई मेरी ट्वीट थ्रेड https://t.co/5TYSzDcQRl का एक बार फिर अध्ययन कीजि...
मित्रों, एक पुरानी कहावत "हाथी के दांत, खाने के और, दिखाने के और.." आज पुनर्परिभाषित किए जाने की जरूरत है। दिखाने के दांत हों या न हों, खाने के दांत बिना हाथी कैसे जिंदा रहेगा? ख...
सोचिए वह दिमाग कितना भांय-भांय करता होगा, कितना खाली होगा जिसमें किताबों के लिए कोई जगह ही नहीं. वह समुदाय, समाज कितना अभागा होगा जिसके पास किताब के लिए पैसे नहीं लेकिन मंदिर के...
सत्य और नैतिकता सनातन धर्म दर्शन के दो बड़े तत्व रहे हैं। क्या आरएसएस की हिंदू आइडियोलॉजी में इन दोनों बातों की कोई जगह है? हिंदू आस्था का केंद्र अब बदल चुका है और उसके केंद्र मे...
मित्रों, कल दिन भर की चुप्पी के कारण रात कुछ मित्रों ने डीएम भेज कर कुशल क्षेम जानना चाहा और मेरी खामोशी का कारण भी। कल का दिन ऐतिहासिक था। आब्ज़र्वैशन का दिन था। अपनी समझ को कसौ...